jugnuma-trailer-review:12 सितंबर को मनोज बाजपेयी की फिल्म जुगनुमा रिलीज़ होने वाली है। एम. रेड्डी के निर्देशन में बनी यह फिल्म 1989 के दशक को पेश करती है। मनोज बाजपेयी के रहस्यमयी किरदार को पेश करती जुगनुमा का ट्रेलर यूट्यूब पर रिलीज़ कर दिया गया है। इसे देखकर ऐसा लग रहा है कि यहाँ कुछ हटकर और कुछ बड़ा दिखाया जाने वाला है। ट्रेलर के लॉन्च को और प्रभावशाली बनाने में अनुराग कश्यप, वेट्री मारन, लिजो जोस पेलिसेरी, राज बी. शेट्टी और नाग अश्विन जैसे बड़े बॉलीवुड फिल्म निर्माताओं ने अपना समर्थन दिया है।
ट्रेलर देखकर अंदाज़ा लगाया जा सकता है कि इसे एक सीमित बजट में बनाया गया है। न तो बड़ा सेटअप है और न ही कैमरा वर्क। सिनेमैटोग्राफी ऐसी की गई है जो 2025 में बैठे हुए इंसान को 1989 के दर्शन करवा दे। खासकर ट्रेलर में जिस तरह से कलर ग्रेडिंग दिखाई गई है, उसमें ही बहुत से रहस्य छिपाकर रखे गए हैं। फिल्म सत्या से अपनी शानदार एक्टिंग से दर्शकों के दिलों पर छा जाने वाले मनोज बाजपेयी, जिन्हें कई राष्ट्रीय पुरस्कार और फिल्मफेयर पुरस्कार से सम्मानित किया जा चुका है, एक बार फिर जुगनुमा में कुछ अलग करते दिखाई दे रहे हैं। यह देखने में बिल्कुल वैसा ही है जैसा कि अलीगढ़ फिल्म में उनकी एक्टिंग देखने को मिली थी।

कहानी
ट्रेलर में दिखाया गया है कि मनोज बाजपेयी अपनी बेटी और पत्नी के साथ दूर पहाड़ों में ज़िंदगी गुज़ार रहे हैं। उनका खुद का बागान है। इस गाँव में सब कुछ ठीक चल रहा है। सभी लोग एक-दूसरे से मिलते हैं, हँसते हैं, बोलते हैं। प्रकृति के पास शांत माहौल ज़बरदस्त दिखाई देता है। कुछ समय बाद गाँव में कुछ लोगों द्वारा पेस्टिसाइड्स का छिड़काव किया जाता है। शायद यह बात मनोज बाजपेयी को ठीक नहीं लगती और वे इसका विरोध भी करते हैं।
पेस्टिसाइड्स का दुष्परिणाम यह निकलकर आता है कि एक दिन जंगल में आग लग जाती है। जंगल में लगी इस आग के पीछे छिपी साज़िश का पर्दा किस तरह से उठता है, यह तो फिल्म के आने के बाद ही पता लगेगा। ट्रेलर के अंतिम सीन में जिस तरह से मनोज बाजपेयी को पंखों के साथ आसमान में उड़ता दिखाया गया है, वह रोमांच से भरा हुआ है और हमारे मन में कई सवाल भी छोड़ जाता है कि आखिर वह क्या था।

कहानी डार्क थीम को प्रस्तुत करती है, जो कि सबके लिए नहीं है। इसे एक आर्ट फिल्म की तरह देखा जा सकता है, जहाँ छिपे हैं वास्तविक ज़िंदगी के वो रहस्य जो आज तक एक आम इंसान तक नहीं पहुँच सके। 12 सितंबर से यह फिल्म सिनेमाघरों में रिलीज़ हो रही है। अब तो फिल्म देखकर ही पता लगेगा कि आखिर इसकी कहानी क्या संदेश देना चाह रही है।
READ MORE
“परम सुंदरी” अक्टूबर में रिलीज हो सकती है यहां, जानें ओटीटी प्लेटफॉर्म
7G Movie: क्या यह हॉरर फिल्म डराने में रही कामयाब या हुई फ्लॉप?